1 से ज़्यादा बैंक अकाउंट रखने के 5 बड़े नुकसान

एक से ज्यादा बैंक सेविंग अकाउंट रखने से हो सकता है नुकसान, जिसे लोग अक्सर नोटिस नहीं करते आइए जानते हैं कैसे

अगर आप सैलरीड पर्सन हैं, तो आमतौर पर एक ही सेविंग बैंक अकाउंट रखना ज्यादा सही माना जाता है।

इससे अकाउंट मैनेज करना आसान होता है, ITR भरते समय बैंक डिटेल्स ढूंढने में झंझट कम होती है, और बैंक चार्ज भी कम लगते हैं।

टैक्स और निवेश विशेषज्ञों के मुताबिक, एक बैंक अकाउंट होने से:

  • minimum balance बनाए रखना आसान होता है,
  • debit card AMC जैसे charges एक ही बार लगते हैं,
  • SMS service charges भी बार-बार नहीं देने पड़ते,
  • और Income Tax Return filing भी आसान हो जाती है।

हालांकि, सिर्फ convenience ही नहीं, बल्कि पैसे के लिहाज से भी एक से ज्यादा अकाउंट रखना कई बार नुकसानदेह हो सकता है।

एक से ज्यादा सेविंग अकाउंट रखने के 5 नुकसान

1) Dormant account और fraud का खतरा

जब आप नौकरी बदलते हैं, तो पुराना salary account कई बार inactive हो जाता है।

ऐसा dormant account fraud के लिए ज्यादा vulnerable हो सकता है।

2) CIBIL rating पर असर

अगर कई अकाउंट हैं और minimum balance maintain नहीं हो पाया, तो penalty लग सकती है।

यह आपकी CIBIL rating पर भी असर डाल सकती है।

3) Service charges दोगुने हो जाते हैं

हर बैंक अकाउंट पर अलग-अलग charges लग सकते हैं, जैसे:

  • SMS alert charge
  • debit card annual maintenance charge
  • minimum balance penalty

अगर अकाउंट एक से ज्यादा हैं, तो ये charges भी कई बार देने पड़ते हैं।

4) Investment के लिए पैसा फँस जाता है

मल्टीपल savings accounts में minimum balance बनाए रखने के लिए आपका अच्छा-खासा पैसा बैंक में ही पड़ा रह सकता है।

अगर वही पैसा investment में लगाया जाए, तो उससे बेहतर return मिल सकता है।

उदाहरण के लिए:

bank savings account में return कम होता है,

जबकि debt funds जैसे विकल्पों में तुलनात्मक रूप से ज्यादा कमाई हो सकती है।

5) Income tax issue हो सकता है

बैंक savings account पर मिलने वाला interest एक limit तक tax-free होता है, लेकिन अगर आपके सभी अकाउंट्स का interest जोड़कर देखा जाए और वह limit पार कर जाए, तो उसे ITR में सही तरीके से दिखाना जरूरी होता है।

अगर आप यह ध्यान नहीं रखते, तो बाद में tax compliance में problem आ सकती है।

आसान भाषा में बात करें तो

  • अगर आपके पास बहुत सारे savings accounts हैं, तो:
  • account manage करना मुश्किल हो सकता है,
  • extra charges लग सकते हैं,
  • पैसा बेकार फँस सकता है,
  • और tax filing भी complicated हो सकती है।

इसलिए कई experts मानते हैं कि सैलरीड व्यक्ति के लिए एक primary savings account रखना ज्यादा practical होता है।

निष्कर्ष

सीधी बात यह है कि एक से ज्यादा bank savings accounts रखने से convenience कम और झंझट ज्यादा हो सकता है।

अगर आपकी financial life simple है, तो एक अच्छा savings account रखना और उसे properly manage करना ही समझदारी है।

Manish Kumar (GST and Tax Consultant)

नमस्कार! मैं एक टैक्स और जीएसटी कंसलटेंट (Tax & GST Consultant) हूँ। मेरा लक्ष्य छोटे व्यापारियों, स्टार्टअप्स और नौकरीपेशा लोगों के लिए टैक्स और सरकारी नियमों को आसान बनाना है। मैं पिछले 4 वर्षों से जीएसटी रजिस्ट्रेशन (GST Registration), रिटर्न फाइलिंग (Return Filing), इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) और बिजनेस कम्प्लायंस (Business Compliance) से जुड़ी सेवाएं दे रहा हूँ। अगर आप अपने बिजनेस को कानूनी रूप से सुरक्षित और टैक्स-फ्रेंडली बनाना चाहते हैं, तो मुझसे संपर्क कर सकते हैं।

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